सासाराम रोहतास -सूचना एवं जनसंपर्क विभाग, रोहतास द्वारा समाहरणालय स्थित डीआरडीए सभागार में प्रेस दिवस के अवसर पर “बढ़ती गलत सूचनाओं के बीच प्रेस की विश्वसनीयता की रक्षा” विषय पर परिचर्चा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला भू-अर्जन पदाधिकारी जफर हसन, जिला सूचना एवं जनसंपर्क पदाधिकारी आशीष रंजन और पत्रकारों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।
डीपीआरओ आशीष रंजन ने आगत पत्रकारों का स्वागत करते हुए प्रेस दिवस के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मीडिया लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है, जो जनजागरूकता, जनहित के मुद्दों को उठाने और शासन-प्रशासन व जनता के बीच सार्थक संवाद स्थापित करने में अहम भूमिका निभाता है।
उन्होंने कहा कि डिजिटल युग में पत्रकारिता के स्वरूप में बड़ा बदलाव आया है। इंटरनेट और स्मार्टफोन ने सूचना प्रसार को बेहद तेज कर दिया है, लेकिन इसी के साथ फेक न्यूज़ और भ्रामक सूचनाओं की चुनौती भी बढ़ी है। ऐसे में पत्रकारों की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है कि वे सत्यापन कर ही समाचार जनता तक पहुंचाएं।
डीपीआरओ ने कहा कि मीडिया का आत्म-अनुशासन, तथ्य आधारित पत्रकारिता और सत्यापन की प्रक्रिया ही प्रेस की विश्वसनीयता बनाए रखने का सबसे प्रभावी उपाय है। समय बदलता रहेगा, पर पत्रकारिता का मूल उद्देश्य—सत्य, जनहित और लोकतंत्र को मजबूत करना—अपरिवर्तित रहेगा।
कार्यक्रम में उपस्थित पत्रकारों ने भी अपने विचार, सुझाव और अनुभव साझा किए। परिचर्चा में मीडिया की वर्तमान स्थिति, चुनौतियों और भविष्य की दिशा पर विस्तृत विमर्श हुआ।
